उत्तराखंड

Uttarakhand News: स्प्रिचुअल हिल टाउन के रूप में बदरीनाथ के विकास की तैयारी, CM धामी ने मास्टर प्लान की प्रगति की ली जानकारी….

देहरादून. श्री बदरीनाथ धाम में संचालित पुनर्निर्माण कार्यों के साथ ही अब बदरीनाथ को स्प्रिचुअल हिल टाउन के रूप में विकसित किए जाने की कार्ययोजना भी तैयार की जा रही है. इस संबंध में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के समक्ष आज सचिवालय में पर्यटन विभाग के अधिकारियों ने श्री बदरीनाथ धाम के मास्टर प्लान के अंतर्गत चल रहे कार्यों की जानकारी साझा की.

सचिव, पर्यटन धीराज गर्ब्याल द्वारा प्रस्तुतिकरण के माध्यम से बताया गया कि बदरीनाथ को एक आध्यात्मिक स्मार्ट हिल टाउन के रूप में विकसित करने के लिए बहु-आयामी और चरणबद्ध तरीके से कार्य किए जा रहे हैं, जिनका उद्देश्य तीर्थयात्रियों को आधुनिक सुविधाओं के साथ दिव्य और व्यवस्थित अनुभव प्रदान करना है.

उन्होंने बताया कि मास्टर प्लान के तहत क्षेत्र के सौंदर्यीकरण, सांस्कृतिक पहचान और आध्यात्मिक महत्व को ध्यान में रखते हुए विभिन्न स्थलों को विशेष रूप से विकसित किया जा रहा है. देव दर्शनी प्वाइंट को इस प्रकार तैयार किया जा रहा है कि श्रद्धालुओं को यहां से श्री बदरीनाथ धाम के प्रथम दर्शन एक भव्य और दिव्य रूप में प्राप्त हो सकें. वहीं बद्रीनारायण चौक को एक प्रमुख आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक केंद्र के रूप में विकसित किया जा रहा है, जहां श्रद्धालुओं के लिए बेहतर सुविधाएं और आकर्षक सार्वजनिक स्थल उपलब्ध होंगे.

श्री बदरीनाथ धाम में आईएसबीटी वॉल पर स्थानीय कला एवं धार्मिक विषयों पर आधारित भित्ति चित्रों के माध्यम से क्षेत्र की सांस्कृतिक विरासत को प्रदर्शित किया जाएगा. मास्टर प्लान में भगवान विष्णु से जुड़े प्रतीकों को भी प्रमुखता दी गई है, जिनमें पाञ्चजन्य शंख, कौमोदकी गदा, सुदर्शन चक्र, वैकुंठ द्वार जैसी भव्य कलाकृतियों का निर्माण किया जाएगा. इसके साथ ही शेषनेत्र कलाकृति और पंच तत्व थीम पर आधारित संरचनाएं आध्यात्मिक ऊर्जा और भारतीय दर्शन को दर्शाने का कार्य करेंगी. भगवान राम एवं कृष्ण पर आधारित रामायण एवं महाभारतकालीन प्रतीकों का इसमें समावेश किया गया है.

दिया आरती स्थल के विकास की योजना भी तैयार की गई है, ताकि यहां आयोजित होने वाली आरती श्रद्धालुओं के लिए एक दिव्य और अविस्मरणीय अनुभव बने. वहीं पूरे क्षेत्र में स्ट्रीटस्कैप का विकास कार्य किया जाना भी प्रस्तावित है. मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि श्री बदरीनाथ धाम के दिव्य स्वरूप को और अधिक भव्य एवं आकर्षक बनाने के लिए इस मास्टर प्लान में सभी आवश्यक प्रावधान सुनिश्चित किए जाएं. साथ ही स्थानीय संस्कृति और पर्यावरण संरक्षण का विशेष ध्यान रखा जाए. उन्होंने कहा कि इन सभी कार्यों के माध्यम से बदरीनाथ में न केवल आध्यात्मिक वातावरण सुदृढ़ होगा, बल्कि पर्यटन को भी नई दिशा दी जा सकेगी. परियोजना के पूर्ण होने पर बदरीनाथ एक ऐसे आदर्श स्थल के रूप में स्थापित होगा, जहां आस्था, आधुनिकता और प्रकृति का संतुलित संगम देखने को मिलेगा.

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