
उत्तराखंड में कांग्रेस का चुनावी शंखनाद: केसी वेणुगोपाल ने फूंका जीत का मंत्र
Newsgrid देहरादूनआगामी 2027 विधानसभा चुनावों को देखते हुए कांग्रेस ने अपनी चुनावी बिसात बिछानी शुरू कर दी है। इसी क्रम में अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के महासचिव (संगठन) केसी वेणुगोपाल ने देहरादून में दो दिवसीय दौरे के दौरान प्रदेश के वरिष्ठ नेताओं और पदाधिकारियों के साथ उच्च-स्तरीय मंथन किया।
**चुनावी रणनीति और एक्शन प्लान**
बैठक का मुख्य केंद्र आगामी चुनाव में पार्टी की जीत सुनिश्चित करना रहा। केसी वेणुगोपाल ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस को आपसी मतभेदों को दरकिनार कर पूरी एकजुटता के साथ मैदान में उतरना होगा। उन्होंने युवा कांग्रेस, महिला कांग्रेस, एनएसयूआई और सेवादल जैसे फ्रंटल संगठनों को बूथ स्तर तक सक्रिय होकर भाजपा सरकार की कथित जनविरोधी नीतियों को जनता के बीच ले जाने का निर्देश दिया।
बेरोजगारी और पलायन मुख्य मुद्दे
पार्टी ने 2027 के चुनाव के लिए मुख्य रूप से बेरोजगारी, पलायन और पेपर लीक जैसे ज्वलंत मुद्दों को अपना आधार बनाने का फैसला किया है। वेणुगोपाल ने कहा कि भाजपा सरकार के पिछले दस वर्षों के शासन में जनता पूरी तरह निराश है और कांग्रेस इन मुद्दों पर एक मजबूत घोषणा-पत्र (मेनिफेस्टो) लेकर जनता के बीच जाएगी।
सरकार पर भ्रष्टाचार और राम मंदिर मामले में घेराबंदी
प्रेस वार्ता के दौरान वेणुगोपाल ने राज्य सरकार पर भ्रष्टाचार और युवाओं के भविष्य से खिलवाड़ करने का आरोप लगाया। साथ ही, उन्होंने अयोध्या राम मंदिर में चंदा चोरी के आरोपों पर प्रधानमंत्री की चुप्पी पर सवाल उठाते हुए मामले की सुप्रीम कोर्ट की निगरानी में जांच की मांग की।
कुमारी शैलजा ने गुटबाजी की खबरों को नकारा
इस अवसर पर उत्तराखंड कांग्रेस की प्रदेश प्रभारी कुमारी शैलजा ने पार्टी में किसी भी प्रकार की गुटबाजी से इनकार किया। उन्होंने अंकिता भंडारी हत्याकांड और बद्रीनाथ धाम में चंदा चोरी का मुद्दा उठाते हुए कहा कि कांग्रेस पूरी मजबूती के साथ आगामी चुनाव लड़ेगी। उन्होंने संकेत दिए कि आने वाले दिनों में राहुल गांधी सहित कांग्रेस के अन्य दिग्गज नेता भी उत्तराखंड का दौरा करेंगे ताकि चुनावी अभियान को और धार दी जा सके।



