
पीएम किसान सम्मान निधि की 24वीं किस्त से सरगुजा के 87,796 किसानों को मिले 18.10 करोड़ रुपये….
रायपुर: प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की 24वीं किस्त जारी होने के अवसर पर 24 अक्टूबर को कृषि विज्ञान केंद्र, सरगुजा में जिला स्तरीय कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में प्रदेश के कृषि मंत्री श्री रामविचार नेताम एवं सांसद श्री चिंतामणि महाराज विशेष रूप से उपस्थित रहे। इस अवसर पर प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के बनासकांठा जिले से देशभर के 9.34 करोड़ से अधिक किसानों के खातों में 18 हजार 680 करोड़ रुपये की सम्मान निधि हस्तांतरित की। इसके अंतर्गत सरगुजा जिले के 87 हजार 796 किसानों को 18.10 करोड़ रुपये की राशि का लाभ मिला।
कार्यक्रम में उपस्थित जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों एवं लगभग 200 किसानों ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के संबोधन का सीधा प्रसारण देखा। इस दौरान प्रधानमंत्री ने कृषि अवसंरचना के अंतर्गत विकसित 521 इकाइयां राष्ट्र को समर्पित कीं तथा 12 हॉर्टिकल्चर क्लस्टर का शुभारंभ किया।
किसानों को आर्थिक संबल दे रही पीएम किसान सम्मान निधि योजना – कृषि मंत्री श्री नेताम
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कृषि मंत्री श्री रामविचार नेताम ने कहा कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना किसानों को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की महत्वपूर्ण पहल है। योजना के तहत मिलने वाली राशि से किसानों को खेती-किसानी के लिए आवश्यक संसाधन जुटाने में सहायता मिल रही है। उन्होंने किसानों से आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाने तथा शासन की कृषि एवं किसान कल्याणकारी योजनाओं का अधिक से अधिक लाभ उठाने का आह्वान किया।
इस दौरान किसानों की मांग पर कृषि मंत्री श्री नेताम ने कृषि विज्ञान केंद्र, सरगुजा में नवीन प्रशिक्षण भवन निर्माण की घोषणा की। इससे किसानों को आधुनिक कृषि तकनीकों एवं उन्नत खेती का प्रशिक्षण प्राप्त करने के लिए बेहतर सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
प्राकृतिक खेती और फसल विविधीकरण से बढ़ेगी किसानों की आय – सांसद श्री चिंतामणि महाराज
सांसद श्री चिंतामणि महाराज ने किसानों को प्राकृतिक खेती, आधुनिक कृषि तकनीक और फसल विविधीकरण अपनाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि उन्नत कृषि पद्धतियों के उपयोग से उत्पादन बढ़ाने के साथ खेती को अधिक लाभकारी बनाया जा सकता है।

जिला पंचायत की कृषि स्थायी समिति की अध्यक्ष श्रीमती दिव्या सिंह सिसोदिया ने रासायनिक उर्वरकों के अत्यधिक उपयोग से होने वाले पर्यावरणीय नुकसान को कम करने के लिए प्राकृतिक खेती अपनाने पर जोर दिया। जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती निरूपा सिंह ने किसानों को मिट्टी परीक्षण के आधार पर अनुशंसित मात्रा में उर्वरकों का उपयोग करने तथा मृदा स्वास्थ्य सुधार के लिए ढेंचा जैसी फसलों को अपनाने की सलाह दी।
किसानों को सरसों बीज का वितरण, उन्नत कृषि तकनीकों की दी गई जानकारी
कार्यक्रम में राष्ट्रीय खाद्य तेल मिशन के अंतर्गत किसानों को अतिथियों द्वारा सरसों बीज का वितरण किया गया। पीएम किसान सम्मान निधि योजना के लाभार्थियों ने योजना से प्राप्त राशि के उपयोग और खेती में मिल रहे लाभ के अनुभव साझा किए। इस दौरान किसानों को खेत बचाओ अभियान से जुड़ने के लिए भी प्रोत्साहित किया गया।
कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिकों ने किसानों को नवीन कृषि तकनीकों, उन्नत फसल उत्पादन, प्राकृतिक संसाधन प्रबंधन एवं विभिन्न शासकीय योजनाओं की जानकारी दी।
इससे पूर्व कार्यक्रम का शुभारंभ मां सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ। कृषि विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख डॉ. संदीप शर्मा ने स्वागत उद्बोधन देते हुए केंद्र की गतिविधियों एवं किसानों तक उन्नत कृषि तकनीक पहुंचाने के प्रयासों की जानकारी दी। उप संचालक कृषि श्री पी.एस. दीवान ने पीएम किसान सम्मान निधि योजना की प्रगति का प्रतिवेदन प्रस्तुत किया।
कार्यक्रम का संचालन श्री सूर्य प्रकाश गुप्ता एवं आभार प्रदर्शन श्री जहांगीर आलम ने किया। इस अवसर पर कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक श्री पी.आर. पैकरा, डॉ. ज्ञानेंद्र कुमार, डॉ. विवेक कुमार शांडिल्य, श्री लीलाधर साहू, श्री वीरेंद्र कुमार सहित सरगुजा एवं सूरजपुर जिले के कृषि एवं संबद्ध विभागों के अधिकारी-कर्मचारी तथा लगभग 200 किसान उपस्थित रहे।



