
देहरादून 13 अप्रैल 2026 :प्रधानमंत्री के आगामी देहरादून दौरे से पहले उत्तराखंड की सियासत गरमा गई है। कांग्रेस ने प्रदेश की ज्वलंत समस्याओं को लेकर सरकार के खिलाफ मोर्चा खोलते हुए प्रधानमंत्री से जवाब मांगा है।
प्रधानमंत्री के दौरे से पहले कांग्रेस का ’10 सवालों’ वाला वार
देहरादून: प्रधानमंत्री के प्रस्तावित देहरादून दौरे को लेकर प्रदेश में सियासी पारा चढ़ गया है। कांग्रेस ने इस दौरे से ठीक पहले सरकार को घेरने की रणनीति तैयार कर ली है। कांग्रेस प्रदेश मुख्यालय में आयोजित एक महत्वपूर्ण प्रेस वार्ता के दौरान प्रदेश अध्यक्ष **गणेश गोदियाल** ने सरकार पर तीखे हमले किए और कहा कि कांग्रेस राज्य की जनता से जुड़े **10 प्रमुख मुद्दों** को प्रधानमंत्री के समक्ष रखना चाहती है।
गोदियाल ने स्पष्ट किया कि विपक्षी दल के रूप में कांग्रेस उन सवालों को उठा रही है जिनसे प्रदेश का हर नागरिक प्रभावित है। कांग्रेस ने मुख्य रूप से निम्नलिखित मुद्दों पर सरकार की घेराबंदी की है:
अंकिता भंडारी हत्याकांड: न्याय में देरी और वीआईपी के नाम को लेकर उठ रहे सवाल।
बिगड़ती कानून व्यवस्था: प्रदेश में महिलाओं की सुरक्षा को लेकर बढ़ती चिंता व राजधानी देहरादून में बढ़ रही हत्या की घटनाओं पर अंकुश न लग पाना।
भ्रष्टाचार और बेरोजगारी: युवाओं के लिए रोजगार के अवसरों की कमी और सरकारी तंत्र में व्याप्त भ्रष्टाचार।
शराब और अवैध खनन: प्रदेश के प्राकृतिक संसाधनों के दोहन और शराब नीति पर सवाल।
प्रेस वार्ता में गणेश गोदियाल ने कहा, “हम उम्मीद करते हैं कि देवभूमि की जनता की इन जायज चिंताओं और सवालों को प्रधानमंत्री तक पहुंचाया जाएगा। प्रदेश की जनता लंबे समय से इन गंभीर विषयों पर केंद्र और राज्य सरकार से स्पष्ट जवाब का इंतजार कर रही है।
कांग्रेस की इस आक्रामक रणनीति ने साफ कर दिया है कि प्रधानमंत्री के दौरे के दौरान विपक्ष जनहित के मुद्दों पर चुप नहीं रहने वाला है। अब देखना यह होगा कि प्रधानमंत्री की रैली में इन सवालों का कोई प्रतिउत्तर मिलता है या यह केवल राजनीतिक बयानबाजी तक सीमित रहता है।



